Mahal Me Rahal Chhod Dehani – महल में रहल छोड़ दिहनी (Pramod Premi Yadav) Lyrics

Mahal Me Rahal Chhod Dehani Is Old Bhojpuri Bolbum Song Sung By Pramod Premi Yadav From ‘Gaura Bhukheli Somwari‘ Album. This Song Is Written By Arun Bihari While Music Given By Shankar Singh. It’s Released By Wave Music Youtube Channel.

SongMahal Me Rahal Chhod Dehani
SingerPramod Premi Yadav
LyricsArun Bihari
MusicShankar Singh
Copyright LabelWave Music

Mahal Me Rahal Chhod Dehani (Hindi)

बोलs बोलs शंकर भगवान की जय !
दानियो के दानी रउवा हे औघड़दानी !
महिमा महान राउर केतना बखानी !
बता दी ऐ गउरा के सईया
काहे चढ़ेला बेल के पतईया
काहे चढ़ेला बेल के पतईया !
बोलबम !
ई बता दी ऐ गउरा के सईया
काहे चढ़ेला बेल के पतईया
तs नाता भंगिये धतूरवा से से जोड़ लिहनी
नाता भंगिये धतूरवा से से जोड़ लिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया
महल में रहल छोड़ दिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया !
महल में रहल छोड़ दिहनी !!
जय जय भोलेनाथ !
जय जय भोलेनाथ !
हर हर बम !

चूवेला पलानी पानी बरसेला सावन के
सोनवा के लंका रउवा दे दिहनी रावण के
दे दिहनी रावण के !
बम बम भोले !
चूवेला पलानी पानी बरसेला सावन के
सोनवा के महल रउवा दे दिहनी रावण के
झूठे देवी देवता के बिटोर लिहनी
झूठे देवी देवता के बिटोर लिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया
महल में रहल छोड़ देहनी
काहे मन भावेला मड़ईया !
महल में रहल छोड़ देहनी !!

दानियो के दानी रउवा हे औघड़दानी !
महिमा महान राउर केतना बखानी !
देवता दानव के बात जान गईनी अंदर के
पी गईनी बिष मंथन भईल जब समंदर के
भईल जब समंदर के !
बम बम भोले !
देवता दानव के बात जान गईनी अंदर के
पी गईनी बिष मंथन भईल जब समंदर के
जान के जहर जिनगी में घोर लिहनी
जान के जहर जिनगी में घोर लिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया
महल में रहल छोड़ देहनी
काहे मन भावेला मड़ईया !
महल में रहल छोड़ देहनी !!
जय जय भोलेनाथ !
जय जय भोलेनाथ !
हर हर बम !

धन बाटे महिमा राउर हे तिरपुरारी
गावे परमोद लिखे अरुण बिहारी
अरुण बिहारी !
बम बम भोले !
धन बाटे महिमा राउर हे तिरपुरारी
गावे परमोद रंजीत अरुण बिहारी
महल देके शंकर पर्वत अगोर लिहनी
महल देके शंकर पर्वत अगोर लिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया
महल में रहल छोड़ देहनी
काहे मन भावेला मड़ईया !
महल में रहल छोड़ देहनी !!

ई बता दी ऐ गउरा के सईया
काहे चढ़ेला बेल के पतईया
तs नाता भंगिये धतूरवा से से जोड़ लिहनी
नाता भंगिये धतूरवा से से जोड़ लिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया
महल में रहल छोड़ दिहनी
काहे मन भावेला मड़ईया !
महल में रहल छोड़ दिहनी !!